कहते हैं बेटियां पराया धन होती हैं. जो कि अपने मायके में अमानत की तरह रहती हैं और समय आने पर ब्याह के अपने घर चली जाती हैं. मगर अगर ऐसे ससुराल जाने से पहले ही किसी लड़की को प्रताड़ना मिलने लगें तो वो क्या करे. पिता की पगड़ी की रक्षा के लिए बेटी ना तो पिता से अपना दर्द बांट सकती है. ना ही बदनामी के डर से किसी और से ऐसी बातें बता सकती है. आज हम एक पिता और बेटी के दर्द की बात इसलिए कर रहे हैं क्योंकि पिता की इज्जत के खातिर एक बेटी ने अपनी कुर्बानी दे दी है. कुर्बानी अपने सपनों की, अपने अरमानों की.
इंगेजमेंट के बाद ससुरालियों ने रखी कार देने की मांग
दरअसल ये मामला सहरसा का है. जहां पर एक पिता ने बड़े अरमानों से अपनी बेटी की शादी महावीर चौक निवासी चंदन गुप्ता के पुत्र शिवम गुप्ता 15 लाख रुपये में तय की थी. मगर दहेज लोभियों के लालच की कोई सीमा थोड़ी ना होती है. लड़की के पिता ने बेटी के सुखी जीवन के खातिर लड़के पक्ष की मांगों को स्वीकार कर लिया. लड़की के पिता ने लड़का पक्ष के दबाव में आकर रिंग सेरेमनी के लिए देव रिसोर्ट सहरसा बुक किया. इस दौरान लड़के के पिता को 10 लाख रुपया नकद दिया गया. इतना ही नहीं रिंग सेरेमनी में लड़का को सोना की चेन और हीरा को अंगूठी दी. अन्य सामान एवं खाना पीना मिलाकर करीब 7 लाख रुपए लड़की के पिता ने खर्च किये. इंगेजमेंट होने के बाद लड़के के पिता 15 लाख के अलावा एक कार की मांग करने लगे.
दहेजलोभियों की प्रताड़ना से तंग आई लड़की
शादी से पहले ही दहेज लोभियों की अनगिनत मांगों की प्रताड़ना से तंग आकर लड़की पत्र लिखकर कहीं गायब हो गई. कहा जा रहा है कि वर पक्ष की लगातार बढ़ रही प्रताड़ना से तंग आकर लड़की ने ये कदम उठाया हैं. वहीं लड़की के परिजन और पुलिस दोनों ही लड़की तलाश में जुटे हुए हैं. घर से जाने से पहले लड़की ने अपने पिता के नाम एक लेटर भी छोड़ा था.
पिता के नाम बेटी का सुसाइड नोट
लड़की ने पिता के नाम लिख गए सुसाइड नोट में लिखा कि “मैं सुसाइड करने जा रही हूं. जिसका जिम्मेदार शिवम और उसकी पूरी फैमिली है. पापा, मेरी आखिरी इच्छा ये है कि आप रानी एवं मुस्कान को इतना काबिल बना देना, कि कभी कोई लड़का यह सब उन दोनों के साथ ना कर सके. आप सब अपना ख्याल रखना.”
पिता के दहेजलोभियों पर आरोप
वहीं मामले को लेकर लड़की के पिता ने आरोप लगाया कि दहेज के लिए मेरी बेटी पर दबाव बनाया गया. लड़के के पिता चंदन गुप्ता, लता गुप्ता, शिवम गुप्ता, आदित्य गुप्ता, पूजा गुप्ता, सिमरन गुप्ता, नंदनी गुप्ता, गोपाल गुप्ता एवं अन्य ने उसे मानसिक रूप से प्रताड़ित किया गया. कार नहीं मिलने पर चंदन गुप्ता ने अपने बेटे से शादी कराने से इनकार कर दिया था. इस प्रताड़ना से तंग आकर मेरी बेटी 13 दिसंबर की रात पत्र लिखकर अचानक घर से गायब हो गई है. उसका कोई अता-पता नहीं चल रहा है. थानाध्यक्ष ज्ञान रंजन कुमार ने इस मामले में बताया कि पीड़ित के आवेदन पर प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी गई है.