व्रत त्योहार में लहसुन प्याज खाने की क्यों होती है मनाही

हिंदू धर्म में रीति रिवाज परंपरा और व्रत त्योहार का खास महत्व होता है ऐसे में तामसिक भोजन से परहेज किया जाता है, ऐसा क्यों होता है? चलिए जानते हैं

हिंदू व्रत त्योहार

हिंदू धर्म में व्रत त्योहार में मांस मदिरा के साथ-साथ लहसुन प्याज खाना भी बना होता है ऐसा क्यों होता है कई बार यह मन में सवाल आता है? चलिए जानते हैं

तामसिक भोजन

शास्त्रों में लहसुन प्याज को तामसिक भोजन के अंतर्गत माना गया है ऐसे में इसका सेवन करने से इंसान के मन में उत्तेजना, अहंकार और क्रोध जैसा भाव
उत्पन्न होता है

धार्मिक कारण

एक पौराणिक कथा के अनुसार समुद्र मंथन मिलने के बाद जब मोहिनी रूप धारण कर भगवान विष्णु देवताओं में अमृत बांट रहे थे, तभी स्वर्ण भानु नाम का एक राक्षस देवता रूप धारण कर धोखे से सारा अमृत पी गया

विष्णु भगवान ने किया वध

उस बहरूपी राक्षस को सूर्य और चंद्रमा ने देख लिया था और उन्होंने जाकर विष्णु भगवान से बताया, फिर विष्णु भगवान ने क्रोध में आकर अपने चक्र से उन दोनों का सर धड़ से अलग कर दिया

अमृत की बूंदे

भगवान विष्णु ने तो राक्षसों का वध कर दिया था लेकिन वह राक्षस अमृत पी गया था और उसके मुंह में कुछ अमृत की बूंदे रह गई थी

लहसुन और प्याज की उत्पत्ति

रक्षा का सिर काटने के बाद उसके रक्त की जो बंदे पृथ्वी पर पड़ी वहां लहसुन और प्याज उग गए, इस तरह से लहसुन प्याज की उत्पत्ति हुई, इसीलिए लहसुन और प्याज का व्रत त्यौहार में खाने की मनाही होती है

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Author: The Hindi Post