दीपावली रोशनी, पटाखों और खुशियों को त्योहार माना जाता है. इस दिन बच्चे हो या बड़े जमकर खूब सारे पटाखे फोड़ कर जश्न मनाते हैं. मगर पटाखे फोड़ते समय अक्सर असावधानी बरतनी हमें महंगा पड़ सकता है. इसलिए दीवाली पर पटाखे फोड़ते समय इन बातों का विशेष ख्याल रखें.
पटाखों से जलना
दिवाली के दौरान पटाखों से होने वाली चोटें कई सालों से आम बात हो गई हैं लेकिन पटाखों के बारूद के विस्फोट के कारण होने वाली चोटों का ये अनोखा पैटर्न हाल ही में देखा जा रहा है. ऐसे मामलों में कई बार स्थिति काफी ज्यादा गंभीर भी हो जाती है. जिसमें आंखों और अंगों की चोटों से जुड़ी बड़ी थर्मल जलन होने लगती है. वहीं पटाखों से जल जाने पर किन बातों का ध्यान रखना चाहिए आइए हम आपको बताते हैं-
ठंडा पानी डालें
जले हुए स्थान पर दर्द और सूजन को कम करने के लिए कम से कम 20 मिनट तक ठंडा पानी डालें. अगर आपके पास तुरंत बहता पानी नहीं उपलब्ध हैं. तो आप जूस, बीयर या दूध जैसे किसी भी ठंडे तरल पदार्थ का उपयोग कर सकते हैं.
क्लिंग फिल्म या प्लास्टिक बैग का इस्तेमाल
जिस जगह पर जल गया हो, उस जगह को कुछ देर ठंडा करें. उसके बाद उसे साफ करें और कीटाणुरहित, गैर-फुलाए हुए ड्रेसिंग से ढक दें. क्षेत्र को साफ रखने और दर्द को कम करने के लिए आप क्लिंग फिल्म या प्लास्टिक बैग का इस्तेमाल कर सकते हैं.
छाले को फोड़ने से बचें
जले हुए स्थान पर बर्फ लगाने, बटर ऑइंटमेंट या तेल लगाने या किसी छाले को फोड़ने से बचें.
चिकित्सा सलाह
यदि जरूरी हो तो आपातकालीन सेवाओं को कॉल करें या यदि आपको संदेह है तो चिकित्सा सलाह लें. आपको हमेशा जले हुए बच्चे या शिशु के लिए चिकित्सा सलाह जरूर लेनी चाहिए.