अयोध्या में 10वें दीपोत्सव कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भगवान श्रीराम और अयोध्या के गौरव की बात की। उन्होंने कहा कि आज की अयोध्या त्रेतायुग की याद दिला रही है। यहां भगवान राम की नगरी एक बार फिर अपने पुराने वैभव के साथ जीवंत होती दिखाई दे रही है। सीएम योगी ने कहा कि श्रीराम भारत के आत्मसम्मान हैं और अयोध्या ने अपना खोया हुआ गौरव दोबारा हासिल किया है।
राम भक्तों के बलिदान का किया जिक्र
मुख्यमंत्री ने कहा कि अयोध्या ने वह गौरव वापस पाया है, जिसके लिए कारसेवकों और संतों ने बलिदान दिया था। उन्होंने पुराने दिनों को याद करते हुए कहा कि एक समय ऐसा भी था, जब अयोध्या में राम भक्तों पर गोलियां चलाई जाती थीं और लाठियां बरसाई जाती थीं। आज स्थिति बदल चुकी है और अयोध्या में भगवान राम के नाम की गूंज सुनाई दे रही है।
अखिलेश यादव पर सीएम योगी का तीखा हमला
सीएम योगी ने समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि कुछ लोग जब धार्मिक कथाओं में जाते हैं, तो उन्हें कथा की मर्यादा का भी ध्यान नहीं रहता। वे कथा को मुशायरा समझ लेते हैं। योगी ने कहा कि धार्मिक कथाओं की अपनी पवित्र परंपरा और मर्यादा होती है। इसे राजनीतिक या मनोरंजन का मंच बनाकर उसकी पवित्रता को नुकसान नहीं पहुंचाना चाहिए।
राम भक्तों और संतों से माफी मांगने की कही बात
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जिन लोगों ने पहले राम भक्तों का अपमान किया और संतों पर लाठियां चलवाईं, उन्हें अयोध्या जरूर आना चाहिए, लेकिन पहले माफी मांगनी चाहिए। उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों को राम भक्तों और संतों से अपने पुराने कृत्यों के लिए माफी मांगकर पश्चाताप करना चाहिए। योगी ने आगे कहा कि भगवान राम सबके पालनहार हैं और सभी पर कृपा करते हैं, लेकिन अहंकार करने वालों को प्रभु कभी माफ नहीं करते।
12 दिसंबर को अयोध्या जाएंगे अखिलेश यादव
सीएम योगी का यह बयान ऐसे समय आया है, जब अखिलेश यादव ने अयोध्या जाने का कार्यक्रम घोषित किया है। जानकारी के मुताबिक, सपा प्रमुख 12 दिसंबर को अयोध्या पहुंचेंगे। इस दौरान वह हनुमानगढ़ी में दर्शन करेंगे और राम मंदिर जाकर भगवान श्रीराम के सामने माथा टेकेंगे। उनके इस दौरे को लेकर राजनीतिक चर्चाएं भी तेज हो गई हैं।
अयोध्या के विकास पर भी बोले मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री योगी ने अयोध्या में हुए विकास कार्यों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पहले अयोध्या में हवाई अड्डा बनने की कल्पना करना भी मुश्किल था, लेकिन आज यहां महर्षि वाल्मीकि के नाम पर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा मौजूद है। उन्होंने कहा कि अयोध्या अब धार्मिक आस्था के साथ विकास और आधुनिक सुविधाओं के मामले में भी नई पहचान बना रही है।