उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव से पहले बीजेपी ने संगठन और चुनावी रणनीति पर मंथन तेज कर दिया है। राज्यसभा की 10 सीटों और विधान परिषद की 11 सीटों के चुनाव सामने हैं। राज्यसभा के लिए 16 अक्टूबर को मतदान होगा, जबकि विधान परिषद की 11 सीटों के लिए 23 अक्टूबर को वोट डाले जाएंगे।
सीएम आवास पर जुटे बीजेपी के बड़े नेता
राज्यसभा और विधान परिषद चुनाव को लेकर बीजेपी की कोर कमेटी की बैठक लखनऊ में हुई। इसमें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक समेत प्रदेश संगठन के वरिष्ठ नेताओं के शामिल होने की जानकारी सामने आई है। बैठक में संभावित उम्मीदवारों और दोनों चुनावों की रणनीति पर चर्चा हुई।
आठ सीटों पर बीजेपी की स्थिति मजबूत
उत्तर प्रदेश की 10 राज्यसभा सीटों में फिलहाल आठ बीजेपी के पास हैं, जबकि एक सीट समाजवादी पार्टी और एक बहुजन समाज पार्टी के पास है। मौजूदा विधानसभा संख्या के आधार पर बीजेपी के आठ सीटों पर जीत की स्थिति मजबूत बताई जा रही है। हालांकि अंतिम नतीजे चुनाव में विधायकों के मतदान के बाद ही तय होंगे।
उम्मीदवारों में नए और पुराने चेहरों पर नजर
बीजेपी के सामने सबसे बड़ा सवाल उम्मीदवारों के चयन का है। मौजूदा सांसदों में अरुण सिंह, गीता शाक्य, नीरज शेखर, बृजलाल, बीएल वर्मा, सीमा द्विवेदी और हरदीप सिंह पुरी का कार्यकाल खत्म हो रहा है। डॉ. दिनेश शर्मा की सीट भी खाली है, क्योंकि राज्यपाल बनने के बाद उन्होंने राज्यसभा से इस्तीफा दिया था। संभावित नामों को लेकर अलग-अलग रिपोर्टों में कई नेताओं की चर्चा है, लेकिन अंतिम फैसला केंद्रीय नेतृत्व करेगा।
जातीय और क्षेत्रीय समीकरण भी होंगे अहम
उम्मीदवारों के चयन के दौरान बीजेपी के सामने सिर्फ जीत का गणित नहीं, बल्कि सामाजिक और क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व का सवाल भी रहेगा। पश्चिमी यूपी, पूर्वांचल, अवध, ब्रज और बुंदेलखंड जैसे क्षेत्रों के साथ अलग-अलग सामाजिक समूहों को प्रतिनिधित्व देने पर भी नजर रहेगी। हालांकि किसी खास नाम या समुदाय को लेकर अंतिम रणनीति की आधिकारिक घोषणा अभी नहीं हुई है।
MLC चुनाव से भी सामने आएगी रणनीति
राज्यसभा के बाद विधान परिषद की 11 सीटों पर चुनाव होगा। इनमें पांच स्नातक और छह शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं। मतदान 23 अक्टूबर को और मतगणना 27 अक्टूबर को होगी। दोनों चुनाव 2027 विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक दलों के लिए संगठन और उम्मीदवार चयन की तैयारियों का अहम हिस्सा हैं। आने वाले दिनों में बीजेपी के उम्मीदवारों की तस्वीर साफ होने के साथ उसकी रणनीति के कई पहलू सामने आ सकते हैं।