IPL 2026 के 44वें मैच में चेन्नई सुपर किंग्स के तेज गेंदबाज रामकृष्ण घोष ने आखिरकार अपना डेब्यू किया। मुंबई इंडियंस के खिलाफ एमए चिदंबरम स्टेडियम में उन्हें पहली बार खेलने का मौका मिला। लंबे इंतजार के बाद मैदान पर उतरते ही उन्होंने असर दिखाना शुरू कर दिया। शुरुआत में ही उन्होंने किफायती गेंदबाजी करते हुए अपने पहले ओवर में सिर्फ 7 रन दिए और टीम को अच्छी शुरुआत दिलाई। चेन्नई के लिए यह एक नई उम्मीद की शुरुआत साबित हुई।
सूर्यकुमार यादव बने पहला बड़ा विकेट
अपने दूसरे ओवर में रामकृष्ण घोष ने सबसे बड़ा पल हासिल किया। उन्होंने मुंबई के स्टार बल्लेबाज सूर्यकुमार यादव को अपना पहला IPL शिकार बनाया। सूर्या ने 12 गेंदों में 21 रन बनाए लेकिन डीप बैकवर्ड पॉइंट पर डेवाल्ड ब्रेविस ने उनका आसान कैच पकड़ लिया। इससे पहले भी उन्होंने अच्छी लाइन और लेंथ से गेंदबाजी की थी, जिससे बल्लेबाजों को रन बनाने में परेशानी हुई। यह विकेट उनके करियर का यादगार पल बन गया।
शानदार फील्डिंग से भी छोड़ी छाप
घोष ने सिर्फ गेंदबाजी से ही नहीं बल्कि फील्डिंग से भी प्रभावित किया। मैच के शुरुआती ओवरों में उन्होंने विल जैक्स का एक शानदार कैच लपका। डीप बैकवर्ड पॉइंट पर दौड़ते हुए उन्होंने डाइव लगाकर यह कैच पकड़ा, जो बेहद मुश्किल था। इस कैच ने चेन्नई को पहला बड़ा ब्रेकथ्रू दिलाया। इससे साफ हो गया कि वह सिर्फ गेंदबाज ही नहीं बल्कि एक अच्छे फील्डर भी हैं, जो टीम के लिए दोहरी भूमिका निभा सकते हैं।
घरेलू क्रिकेट से IPL तक का सफर
28 साल के रामकृष्ण घोष महाराष्ट्र के लिए घरेलू क्रिकेट खेलते हैं। IPL 2025 में चेन्नई सुपर किंग्स ने उन्हें 50 लाख रुपये में खरीदा था, लेकिन उन्हें तब मौका नहीं मिला था। घरेलू क्रिकेट में उन्होंने शानदार प्रदर्शन किया है, खासकर विजय हजारे ट्रॉफी में 7 विकेट लेकर रिकॉर्ड बनाया था। अब IPL 2026 में उन्हें अपना टैलेंट दिखाने का पूरा मौका मिला है और उन्होंने शुरुआत भी मजबूत की है। अगर वह इसी फॉर्म में रहे तो टीम के लिए अहम खिलाड़ी बन सकते हैं।