नितेश तिवारी के निर्देशन में बन रही फिल्म ‘रामायण’ को लेकर दर्शकों में जबरदस्त उत्साह है। रणबीर कपूर और यश जैसे बड़े सितारों से सजी इस पौराणिक फिल्म की रिलीज को लेकर लगातार चर्चाएं हो रही हैं। फिल्म की रिलीज डेट 5 नवंबर 2026 बताई जा रही है। इसी बीच एडवांस बुकिंग और बॉक्स ऑफिस कमाई को लेकर कई दावे सामने आए हैं। फिल्म की टिकट बिक्री और कमाई से जुड़े अपडेट पर सबकी नजरें टिकी हैं।
कमाई के बंटवारे पर क्यों बढ़ा विवाद?
‘रामायण’ को लेकर चर्चा सिर्फ इसकी कहानी और स्टारकास्ट तक सीमित नहीं है। फिल्म की कमाई के बंटवारे को लेकर भी विवाद की खबरें सामने आई हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, डिस्ट्रीब्यूटर्स पहले हफ्ते में कमाई का 60 फीसदी तक हिस्सा मांग रहे हैं। वहीं, थिएटर मालिकों को चिंता है कि इस बदलाव से उनकी कमाई प्रभावित हो सकती है। हालांकि, इस मांग और बातचीत के अंतिम नतीजे की आधिकारिक पुष्टि जरूरी है।
क्या है बॉलीवुड का पुराना रेवेन्यू मॉडल?
हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में लंबे समय से पहले हफ्ते की कमाई में डिस्ट्रीब्यूटर का हिस्सा लगभग 52.5 फीसदी और थिएटर मालिकों का हिस्सा करीब 47.5 फीसदी रहने का मॉडल बताया जाता है। इसके बाद अगले हफ्तों में हिस्सेदारी घटती जाती है। आम तौर पर डिस्ट्रीब्यूटर फिल्म को सिनेमाघरों तक पहुंचाने और उसके वितरण का काम करता है, जबकि थिएटर मालिक स्क्रीन, स्टाफ और दूसरी सुविधाओं पर खर्च करते हैं। इसी बंटवारे को लेकर दोनों पक्षों के बीच मतभेद सामने आए हैं।
फिल्म की कमाई में किसकी क्या भूमिका?
फिल्म बिजनेस में मुख्य रूप से तीन पक्ष होते हैं- प्रोड्यूसर, डिस्ट्रीब्यूटर और एग्जीबिटर यानी थिएटर मालिक। प्रोड्यूसर फिल्म बनाने के लिए पैसा लगाता है। डिस्ट्रीब्यूटर फिल्म के वितरण और रिलीज से जुड़ी जिम्मेदारियां संभालता है। वहीं, थिएटर मालिक दर्शकों को फिल्म दिखाने के लिए स्क्रीन उपलब्ध कराते हैं। टिकटों से मिलने वाली नेट कमाई में इन पक्षों की हिस्सेदारी अनुबंध और रिलीज की शर्तों के अनुसार तय होती है। बड़े बजट की फिल्मों में यह समझौता काफी अहम हो जाता है।
हॉलीवुड में कैसे तय होता है कमाई का हिस्सा?
हॉलीवुड की बड़ी फिल्मों में भी कमाई के बंटवारे को लेकर अलग-अलग समझौते होते हैं। कुछ बड़े स्टूडियो शुरुआती हफ्तों में बॉक्स ऑफिस कलेक्शन का ज्यादा हिस्सा अपने लिए तय कर सकते हैं। हालांकि, हर फिल्म और हर बाजार में यह व्यवस्था एक जैसी नहीं होती। थिएटर मालिक टिकटों के अलावा पॉपकॉर्न, स्नैक्स और पेय पदार्थों की बिक्री से भी कमाई करते हैं। इसी वजह से भारत में भी बड़ी फिल्मों के लिए कमाई के मौजूदा मॉडल पर बहस तेज हो सकती है।
एडवांस बुकिंग और फिल्म के भविष्य पर नजर
फिल्म ‘रामायण’ की एडवांस बुकिंग शुरू होने और शुरुआती प्रतिक्रिया को लेकर खबरें सामने आई हैं। हालांकि, टिकट बिक्री के वास्तविक आंकड़ों की पुष्टि भरोसेमंद आधिकारिक स्रोतों से होना जरूरी है। फिल्म का बजट, शानदार स्टारकास्ट और पौराणिक कहानी इसे बड़ी रिलीज बना सकते हैं। अब देखना होगा कि मेकर्स, डिस्ट्रीब्यूटर्स और थिएटर मालिक कमाई के बंटवारे पर किस समझौते तक पहुंचते हैं। इस विवाद का असर भविष्य में बड़ी हिंदी फिल्मों के बिजनेस मॉडल पर भी पड़ सकता है।