Mithi River केस में फंसा डिनो मोरिया का नाम, घंटों चली पूछताछ, करोड़ों की कथित गड़बड़ी से जुड़ रहे तार

बॉलीवुड एक्टर डिनो मोरिया एक बार फिर सुर्खियों में हैं। मुंबई की मीठी नदी की ड्रेजिंग और डीसिल्टिंग से जुड़े कथित वित्तीय अनियमितता के मामले में मुंबई पुलिस की Economic Offences Wing (EOW) ने 2 अक्टूबर 2026 को उनसे पूछताछ की। रिपोर्टों के मुताबिक, डिनो से कई घंटे तक सवाल-जवाब किए गए। हालांकि, उनकी गिरफ्तारी को लेकर उस दिन अलग-अलग रिपोर्टें सामने आईं और डिनो ने खुद गिरफ्तारी की खबरों से इनकार किया।

करोड़ों की कथित गड़बड़ी की जांच

यह मामला मुंबई की मीठी नदी की सफाई, गाद निकालने और नदी के विकास से जुड़े कामों का है। EOW इस प्रोजेक्ट से जुड़े ठेकों, भुगतान और कथित वित्तीय अनियमितताओं की जांच कर रही है। रिपोर्टों के अनुसार, जांच में करीब 65.54 करोड़ रुपये के कथित नुकसान का मामला सामने आया है। एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि प्रोजेक्ट से जुड़े पैसों का लेन-देन किन लोगों और कंपनियों के बीच हुआ।

डिनो मोरिया का नाम क्यों आया?

जांच के दौरान डिनो मोरिया और उनके भाई सैंटिनो मोरिया से पहले भी पूछताछ हो चुकी है। EOW के मुताबिक, जांच में कुछ ऐसे फोन रिकॉर्ड सामने आए थे, जिनमें मामले से जुड़े लोगों के साथ संपर्क की बात सामने आई। पुलिस इस संपर्क और उससे जुड़े वित्तीय लेन-देन की कड़ियों को समझने की कोशिश कर रही है। हालांकि, डिनो की इस मामले में कथित भूमिका को लेकर जांच अभी जारी है।

भाई की कंपनी भी जांच के दायरे में

रिपोर्टों के मुताबिक, जांच में UBO Ridez Private Limited नाम की कंपनी का भी जिक्र आया है। इस कंपनी में डिनो के भाई सैंटिनो मोरिया डायरेक्टर बताए गए हैं। EOW इस कंपनी से जुड़े कुछ वित्तीय लेन-देन की भी जांच कर रही है। पुलिस यह समझने की कोशिश कर रही है कि मामले से जुड़े आरोपियों और कंपनी के बीच पैसों का कोई संबंध था या नहीं।

पहले ED भी कर चुकी है कार्रवाई

डिनो मोरिया का नाम इस जांच से जुड़े घटनाक्रम में पहले भी सामने आ चुका है। 2025 में EOW ने डिनो और उनके भाई सैंटिनो से पूछताछ की थी। उस समय पुलिस ने फोन रिकॉर्ड के आधार पर दोनों से सवाल किए थे। जांच एजेंसी अलग-अलग लोगों, ठेकेदारों और मामले से जुड़े अन्य व्यक्तियों के बीच संबंधों और वित्तीय लेन-देन की पड़ताल कर रही है।

आगे फिर पूछताछ की तैयारी

फिलहाल मीठी नदी मामले की जांच जारी है और EOW कथित वित्तीय लेन-देन तथा प्रोजेक्ट से जुड़े लोगों की भूमिका की पड़ताल कर रही है। डिनो मोरिया से हुई पूछताछ भी इसी जांच का हिस्सा है। 2 अक्टूबर की बाद की रिपोर्ट के मुताबिक, पूछताछ के बाद वह वहां से चले गए थे और उनकी ओर से गिरफ्तारी की खबरों को गलत बताया गया था। ऐसे में मामले में आगे की कार्रवाई जांच एजेंसी की अगली पूछताछ और जांच के निष्कर्षों पर निर्भर करेगी।

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Author: The Hindi Post