मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कुछ जिलों में स्कूल-कॉलेजों को लेकर भ्रामक वीडियो प्रसारित होने पर नाराजगी जताई है। उन्होंने कहा कि गलत सूचना फैलाकर माहौल बिगाड़ने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर सख्त कार्रवाई की जाए। सरकार ने साफ किया कि बिना पुष्टि के किसी भी जानकारी को फैलाना गंभीर मामला है।
स्कूलों की सुविधाओं की होगी जांच
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्कूलों में मिड-डे मील, बच्चों के शौचालय और कक्षाओं की स्थिति की स्थलीय जांच कराने के निर्देश दिए हैं। उनका कहना है कि बच्चों को स्कूलों में अच्छी सुविधाएं और बेहतर पढ़ाई का माहौल मिलना चाहिए। जिलाधिकारियों को भी इन व्यवस्थाओं की निगरानी करने को कहा गया है।
जिलाधिकारी नियमित रूप से स्कूलों का निरीक्षण करें
योगी आदित्यनाथ ने सभी जिलाधिकारियों को विद्यालयों का नियमित निरीक्षण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि स्कूलों में साफ-सफाई, सुविधाओं और पढ़ाई की व्यवस्था ठीक रहनी चाहिए। साथ ही बाल वाटिकाओं का संचालन भी सुनिश्चित किया जाए, ताकि छोटे बच्चों की शुरुआती शिक्षा बेहतर तरीके से हो सके।
चीनी की जमाखोरी पर सरकार सख्त
मुख्यमंत्री ने शनिवार को प्रदेश में चीनी के स्टॉक की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को जमाखोरी और कालाबाजारी करने वालों पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए। सरकार का लक्ष्य है कि बाजार में चीनी की पर्याप्त उपलब्धता बनी रहे और उपभोक्ताओं को किसी तरह की परेशानी न हो।
प्रदेश की मिलों में 179.38 लाख क्विंटल स्टॉक
राज्य सरकार के अनुसार, प्रदेश की चीनी मिलों में कुल 179.38 लाख क्विंटल चीनी उपलब्ध है। इसमें सहकारी मिलों के पास 23.60 लाख क्विंटल, कॉरपोरेशन की मिलों में 5.28 लाख क्विंटल और निजी चीनी मिलों में 150.50 लाख क्विंटल स्टॉक मौजूद है। सरकार स्टॉक की स्थिति पर लगातार नजर रख रही है।
30 दिन से ज्यादा स्टॉक पर होगी जांच
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि कोई व्यक्ति या संस्था 30 दिनों से ज्यादा जरूरत के बराबर चीनी का भंडारण न करे। एक बार में 400 टन से अधिक चीनी रखने वाले डीलरों की जांच होगी। नियम तोड़ने वालों पर ESMA और अन्य लागू कानूनों के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।