सरकारी रिन्यूएबल एनर्जी फाइनेंस कंपनी IREDA ने वित्त वर्ष 2025-26 की चौथी तिमाही (जनवरी-मार्च 2026) के नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी का नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 1.77% घटकर 492.63 करोड़ रुपये रहा। पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी ने 501.55 करोड़ रुपये का मुनाफा दर्ज किया था। हालांकि मुनाफे में मामूली गिरावट के बावजूद कंपनी का कारोबार लगातार बढ़ता दिखाई दिया। तिमाही के दौरान आय में अच्छी बढ़ोतरी दर्ज हुई, जिससे यह साफ है कि कंपनी की परिचालन गतिविधियां मजबूत बनी हुई हैं।
आय बढ़ी, खर्च भी बढ़ा
मार्च 2026 तिमाही में कंपनी की कुल आय बढ़कर 2,181.28 करोड़ रुपये पहुंच गई, जबकि एक साल पहले इसी अवधि में यह 1,915 करोड़ रुपये थी। यानी आय में उल्लेखनीय बढ़ोतरी देखने को मिली। दूसरी तरफ कंपनी के खर्च भी तेजी से बढ़े। चौथी तिमाही में कुल खर्च 1,562.14 करोड़ रुपये रहा, जो पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में 1,285.91 करोड़ रुपये था। खर्च में इस बढ़ोतरी का असर मुनाफे पर पड़ा, जिसके कारण नेट प्रॉफिट में हल्की गिरावट देखने को मिली। इसके बावजूद कंपनी ने अपनी आय और कारोबार के विस्तार की रफ्तार बनाए रखी।
पूरे साल रिकॉर्ड प्रदर्शन
अगर पूरे वित्त वर्ष 2025-26 की बात करें तो IREDA ने अब तक का सबसे ज्यादा वार्षिक मुनाफा दर्ज किया है। कंपनी का सालाना नेट प्रॉफिट बढ़कर 1,874 करोड़ रुपये हो गया, जबकि FY25 में यह 1,698 करोड़ रुपये था। इसी तरह कंपनी की कुल आय भी 6,755.69 करोड़ रुपये से बढ़कर 8,338.89 करोड़ रुपये पहुंच गई। यह प्रदर्शन दिखाता है कि देश में रिन्यूएबल एनर्जी सेक्टर के विस्तार का फायदा कंपनी को लगातार मिल रहा है। मजबूत वित्तीय नतीजों के साथ IREDA ने अपने विकास की रफ्तार को बरकरार रखा है और निवेशकों का भरोसा भी मजबूत किया है।
डिविडेंड और लोन बुक में उछाल
कंपनी के बोर्ड ने FY26 के लिए 0.75 रुपये प्रति इक्विटी शेयर के फाइनल डिविडेंड की सिफारिश की है। इससे पहले कंपनी 0.60 रुपये प्रति शेयर का अंतरिम डिविडेंड दे चुकी है। दोनों को मिलाकर पूरे साल का कुल डिविडेंड 1.35 रुपये प्रति शेयर होगा। वहीं कंपनी का लोन बिजनेस भी मजबूत रहा। FY26 में लोन सैंक्शन 9% बढ़कर 51,883 करोड़ रुपये और लोन डिस्बर्समेंट 16% बढ़कर 34,946 करोड़ रुपये पहुंच गया। सबसे बड़ी बात यह रही कि कंपनी की लोन बुक 22% बढ़कर 93,069 करोड़ रुपये हो गई। कंपनी के CMD प्रदीप कुमार दास ने कहा कि भारत में ग्रीन एनर्जी ट्रांजिशन तेजी से आगे बढ़ रहा है और IREDA जिम्मेदार तरीके से अपने कारोबार का विस्तार जारी रखेगी।