राघव चड्ढा और संदीप पाठक समेत आम आदमी पार्टी (AAP) के कई सांसदों ने बड़ा फैसला लेते हुए भारतीय जनता पार्टी में शामिल होने का ऐलान कर दिया। संविधान क्लब में हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान बीजेपी नेताओं की मौजूदगी ने साफ कर दिया कि यह रणनीति पहले से तय थी। नेताओं ने AAP पर भ्रष्टाचार और समझौते के आरोप भी लगाए।
मर्जर के लिए उपराष्ट्रपति को अनुरोध
राघव चड्ढा ने बताया कि AAP के 10 में से 7 सांसदों ने लिखित में उपराष्ट्रपति को सूचित किया है कि वे भाजपा में मर्ज होना चाहते हैं। संसदीय नियमों के अनुसार दो-तिहाई संख्या पूरी होने पर यह प्रक्रिया संभव है। अब उपराष्ट्रपति, भाजपा नेतृत्व से चर्चा के बाद राज्यसभा सचिवालय के जरिए आधिकारिक नोटिफिकेशन जारी करेंगे।
राज्यसभा में NDA को मजबूती
इस कदम से राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन को राज्यसभा में बड़ा फायदा मिल सकता है। सांसदों की संख्या बढ़कर 141 से 148 होने की संभावना है, जिससे बीजेपी की स्थिति और मजबूत होगी। हालांकि, अंतिम प्रक्रिया राष्ट्रपति की मंजूरी और राजपत्र में नोटिफिकेशन के बाद ही पूरी मानी जाएगी।
पंजाब चुनाव पर बीजेपी की नजर
यह सियासी बदलाव आने वाले पंजाब विधानसभा चुनाव से भी जुड़ा माना जा रहा है। भारतीय जनता पार्टी राज्य में अपनी पकड़ मजबूत करने के लिए नए चेहरों और अलग-अलग वोट बैंक पर फोकस कर रही है। पंथिक और SC समुदाय के वोटर्स को साधने की रणनीति के तहत बड़े नेताओं को शामिल किया जा रहा है, जिससे चुनावी समीकरण बदल सकते हैं।