पीएम नरेंद्र मोदी के इजराइल पहुंचने पर प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और उनकी पत्नी ने एयरपोर्ट पर गर्मजोशी से स्वागत किया। पीएम मोदी को स्पेशल गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इसके बाद उन्होंने इजराइली संसद को संबोधित करते हुए कहा कि भारत की ओर से यहां आना उनके लिए गर्व का क्षण है। उन्होंने अपनी पिछली यात्रा को याद करते हुए कहा कि इजराइल से उनका खास भावनात्मक जुड़ाव है।
संसद में भावुक संबोधन
नेसेट भवन में अपने संबोधन में पीएम मोदी ने भारत-इजराइल रिश्तों को खास बताया। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच भरोसे, दोस्ती और साझा मूल्यों का मजबूत रिश्ता है। उन्होंने यह भी कहा कि दोनों देशों के संबंध सिर्फ कूटनीतिक नहीं, बल्कि भावनात्मक और ऐतिहासिक भी हैं।
हमास हमले पर संवेदना
पीएम मोदी ने 7 अक्टूबर को हुए हमले का जिक्र करते हुए पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि भारत हर उस परिवार के दुख में शामिल है जिसने अपने प्रियजनों को खोया। उन्होंने साफ कहा कि आतंकवाद किसी भी रूप में स्वीकार्य नहीं है और भारत हमेशा आतंकवाद के खिलाफ मजबूती से खड़ा रहेगा। उन्होंने पीड़ितों के प्रति एकजुटता जताई।
आतंकवाद पर जीरो टॉलरेंस
पीएम मोदी ने कहा कि हमास जैसे आतंकी हमले समाज को अस्थिर करते हैं और विकास को रोकते हैं। उन्होंने कहा कि भारत भी लंबे समय से आतंकवाद का दर्द झेलता आया है और बेगुनाहों की हत्या को कभी सही नहीं ठहराया जा सकता। भारत और इजराइल दोनों की आतंकवाद पर जीरो टॉलरेंस की नीति है।
इतिहास और इंसानियत की मिसाल
प्रधानमंत्री ने होलोकॉस्ट का जिक्र करते हुए मानवता के कठिन दौर को याद किया। उन्होंने बताया कि गुजरात के नवानगर के महाराजा जाम साहेब दिग्विजयसिंहजी ने मुश्किल समय में पोलिश और यहूदी बच्चों को शरण दी थी। उन्होंने कहा कि यह घटना भारत और इजराइल के मानवीय रिश्तों की गहराई को दर्शाती है।
ट्रेड और निवेश पर जोर
पीएम मोदी ने आर्थिक सहयोग को और मजबूत करने की बात कही। उन्होंने कहा कि दोनों देश व्यापार बढ़ाने, निवेश को मजबूत करने और संयुक्त इंफ्रास्ट्रक्चर विकास के लिए प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने बताया कि हाल के वर्षों में भारत ने कई देशों के साथ व्यापार समझौते किए हैं और आगे भी आर्थिक साझेदारी को नई ऊंचाई देने की तैयारी है।
इनोवेशन और स्टार्टअप सहयोग
प्रधानमंत्री ने कहा कि इजराइल को स्टार्टअप नेशन कहा जाता है और भारत भी तेजी से इनोवेशन की दिशा में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने I‑Create टेक बिज़नेस इनक्यूबेटर का जिक्र करते हुए बताया कि यह दोनों देशों के सहयोग का शानदार उदाहरण है। उन्होंने कहा कि युवा प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने में साझेदारी अहम भूमिका निभा रही है।
शांति, संस्कृति और भविष्य की साझेदारी
पीएम मोदी ने कहा कि भारत और इजराइल दो प्राचीन सभ्यताएं हैं जिनकी सोच में कई समानताएं हैं। उन्होंने शांति, मानवता और वैश्विक सहयोग पर जोर देते हुए गाजा में स्थायी शांति के प्रयासों का समर्थन किया। साथ ही उन्होंने आर्थिक विकास, योग, संस्कृति और भविष्य की साझेदारी को दोनों देशों के रिश्तों की नई दिशा बताया।