Jharkhand BJP को मिलेगा नया चेहरा! 20 जनवरी से पहले तय होगा अध्यक्ष, कई बड़े नामों पर मंथन तेज

झारखंड भारतीय जनता पार्टी को जल्द ही नया प्रदेश अध्यक्ष मिलने वाला है. पार्टी ने इसके लिए औपचारिक प्रक्रिया शुरू कर दी है. केंद्रीय कैबिनेट मंत्री जुएल ओरांव को राज्य में अध्यक्ष और राष्ट्रीय परिषद सदस्यों के चुनाव के लिए राज्य चुनाव अधिकारी नियुक्त किया गया है. बीजेपी ने इसकी जानकारी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट के जरिए दी. पार्टी सूत्रों के मुताबिक, 20 जनवरी से पहले नए अध्यक्ष का चुनाव कर लिया जाएगा. खास बात यह है कि यह चुनाव राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव से पहले पूरा किया जाएगा, ताकि संगठन को मजबूत दिशा मिल सके और आगामी रणनीति तय हो सके.

बीजेपी क्यों कर रही थी इंतजार

बीजेपी पिछले काफी समय से इस बात को लेकर असमंजस में थी कि झारखंड की कमान किसे सौंपी जाए. मौजूदा प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष भी हैं. ऐसे में पार्टी के “एक व्यक्ति, एक पद” के सिद्धांत के तहत उनके पास अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी बने रहना मुश्किल था. इसी कारण पार्टी को नए चेहरे की तलाश करनी पड़ी. इससे पहले बीजेपी ने रविंद्र राय को कार्यकारी अध्यक्ष बनाया था. इसके बाद पिछले साल अक्टूबर में राज्यसभा सांसद आदित्य साहू को यह जिम्मेदारी सौंपी गई. अब पार्टी स्थायी अध्यक्ष के नाम पर अंतिम फैसला लेना चाहती है.

रेस में आगे कौन-कौन

अध्यक्ष पद के लिए इस बार कई बड़े नाम चर्चा में हैं. इनमें सबसे आगे आदित्य साहू का नाम बताया जा रहा है. उन्होंने प्रदेश स्तर पर अपनी अलग पहचान बनाई है और संगठन में भी उनकी पकड़ मजबूत मानी जाती है. इसके अलावा रघुवर दास का नाम भी सुर्खियों में है, जिन्होंने बीच में ही राज्यपाल पद से इस्तीफा दिया था. वहीं, अर्जुन मुंडा और प्रदीप वर्मा को लेकर भी चर्चाएं तेज हैं. पार्टी नेतृत्व इन सभी नामों पर गंभीरता से विचार कर रहा है और जल्द ही किसी एक पर मुहर लग सकती है.

क्यों अहम है ये फैसला

झारखंड में बीजेपी के लिए यह फैसला बेहद अहम माना जा रहा है. हाल के चुनावी नतीजों और राजनीतिक हालात को देखते हुए पार्टी को एक ऐसे नेता की जरूरत है, जो संगठन को एकजुट कर सके और जमीनी स्तर पर मजबूती दे. नया अध्यक्ष न सिर्फ पार्टी की रणनीति तय करेगा, बल्कि आगामी चुनावों की तैयारी भी उसी के नेतृत्व में होगी. ऐसे में हर फैसला सोच-समझकर लिया जा रहा है. राजनीतिक गलियारों में इसे बीजेपी के लिए “टर्निंग पॉइंट” माना जा रहा है, जो आने वाले समय में राज्य की राजनीति की दिशा बदल सकता है.

Rishabh Chhabra
Author: Rishabh Chhabra