देश का बजट-2026 इस बार कई मायनों में खास होने जा रहा है। संसद का बजट सत्र 28 जनवरी से शुरू होकर 2 अप्रैल तक चलेगा। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने इस कार्यक्रम को मंजूरी दे दी है। 28 जनवरी को दोनों सदनों की संयुक्त बैठक में राष्ट्रपति का पारंपरिक अभिभाषण होगा, जिससे सत्र की औपचारिक शुरुआत होगी। इसके अगले दिन, यानी 29 जनवरी को आर्थिक सर्वेक्षण पेश किया जाएगा, जो देश की आर्थिक स्थिति का पूरा लेखा-जोखा सामने रखेगा। इस बार का सत्र दो चरणों में होगा, ताकि बजट और उससे जुड़ी चर्चाओं को पर्याप्त समय मिल सके।
रविवार को पेश होगा बजट
इस बार की सबसे बड़ी और चौंकाने वाली बात यह है कि केंद्रीय बजट 1 फरवरी को पेश किया जाएगा, जो कि रविवार है। आमतौर पर बजट कार्यदिवस में पेश होता है, लेकिन इस बार परंपरा से हटकर इसे वीकेंड पर लाया जा रहा है। अधिकारियों के मुताबिक, आर्थिक सर्वेक्षण 30 जनवरी को पेश किए जाने की संभावना है। इसके बाद 31 जनवरी को लोकसभा और राज्यसभा की बैठक नहीं होगी। राष्ट्रपति के अभिभाषण और बजट पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा के बाद संसद की कार्यवाही 13 फरवरी को अस्थायी रूप से रोक दी जाएगी। इसके बाद पहला चरण समाप्त हो जाएगा।
9 मार्च से फिर शुरू होगी कार्यवाही
बजट सत्र का दूसरा चरण 9 मार्च से शुरू होगा और 2 अप्रैल तक चलेगा। आमतौर पर संसद का सत्र शुक्रवार को समाप्त होता है, लेकिन इस बार गुड फ्राइडे और वीकेंड को ध्यान में रखते हुए इसे 2 अप्रैल, गुरुवार को खत्म किया जा सकता है। इस दौरान बजट पर विस्तार से चर्चा होगी और विभिन्न मंत्रालयों की अनुदान मांगों पर बहस होगी। सांसदों को सरकार की नीतियों और योजनाओं पर सवाल पूछने का मौका मिलेगा। यह चरण सरकार के लिए बेहद अहम माना जा रहा है, क्योंकि इसी दौरान बजट से जुड़े अहम फैसलों को अंतिम रूप दिया जाएगा।
बिना वित्त सचिव के बजट
इस बार बजट इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि पहली बार वित्त मंत्रालय में कोई वित्त सचिव मौजूद नहीं है, फिर भी तैयारियां पूरे जोरों पर हैं। आमतौर पर वित्त सचिव को बजट प्रक्रिया की रीढ़ माना जाता है। वह मंत्रालय के अलग-अलग विभागों के बीच तालमेल बनाता है और बड़े फैसलों पर नजर रखता है। आसान भाषा में कहें तो वही बजट मशीनरी का संचालन करता है। ऐसे में बिना वित्त सचिव के बजट पेश होना अपने आप में एक अनोखी स्थिति है। यह देखना दिलचस्प होगा कि इस बार बजट की दिशा और प्राथमिकताएं क्या होंगी और सरकार किन बड़े ऐलानों के साथ जनता के सामने आएगी।