Marriage में आ रही रुकावट? कमजोर बृहस्पति बन रहा है बाधा, ऐसे करें उपाय

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार बृहस्पति ग्रह को विवाह, भाग्य, धर्म और संतान का प्रमुख कारक माना जाता है। देवताओं के गुरु होने के कारण इन्हें देवगुरु भी कहा जाता है। जब किसी व्यक्ति की कुंडली में बृहस्पति कमजोर हो जाता है या गुरु दोष बनता है, तो विवाह से जुड़े कार्यों में बार-बार रुकावट आने लगती है। कई बार अच्छे रिश्ते आते हैं, लेकिन बात आगे नहीं बढ़ पाती। ऐसे में ज्योतिष मान्यताओं के अनुसार बृहस्पति को मजबूत करना बेहद जरूरी माना जाता है।

गुरुवार की पूजा क्यों है जरूरी

शास्त्रों में विवाह संबंधी बाधाओं को दूर करने के लिए गुरुवार की पूजा को विशेष महत्व दिया गया है। गुरुवार का दिन बृहस्पति ग्रह को समर्पित होता है, इसलिए इस दिन किए गए उपाय जल्दी फल देते हैं। मान्यता है कि अगर नियमित रूप से गुरुवार को सही विधि से पूजा की जाए, तो गुरु दोष शांत होता है और विवाह के योग मजबूत होने लगते हैं।

पूजा की सही विधि क्या है

गुरुवार के दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान करें और पीले रंग के वस्त्र धारण करें, क्योंकि पीला रंग बृहस्पति का प्रतीक माना जाता है। इसके बाद पूजा स्थल को साफ करके भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की श्रद्धा से पूजा करें। पूजा के समय पीले फूल, केला, हल्दी और एकाक्षी नारियल अर्पित करना शुभ माना जाता है। इसके बाद शांत मन से ‘ॐ बृं बृहस्पतये नमः’ मंत्र का 108 बार जाप करें।

केले के पेड़ और तुलसी का महत्व

पूजा के बाद केले के पेड़ पर हल्दी मिला जल अर्पित करें और वहां दीपक जलाएं। साथ ही तुलसी के पौधे पर दूध मिला जल चढ़ाकर घी का दीपक लगाना भी बहुत लाभकारी माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इन उपायों से बृहस्पति और भगवान विष्णु की कृपा प्राप्त होती है। इससे विवाह में आ रही रुकावटें धीरे-धीरे दूर होने लगती हैं।

व्रत के नियम और सावधानियां

गुरुवार के व्रत में एक समय सादा भोजन किया जाता है। इस भोजन में चने की दाल और गुड़ से बना पीला भोजन जैसे हलवा शामिल करना शुभ माना जाता है। व्रत रखते समय मन में किसी भी तरह की नकारात्मक भावना न रखें और शांत मन से विवाह से जुड़ी अपनी इच्छा रखें। ऐसा माना जाता है कि इससे सकारात्मक ऊर्जा बढ़ती है।

शादी के साथ परिवार में सुख-शांति

ज्योतिष शास्त्र में सोमवार, बुधवार, गुरुवार और शुक्रवार को विवाह के लिए शुभ माना गया है, लेकिन गुरुवार का महत्व सबसे अधिक बताया गया है। गुरुवार के उपाय न केवल विवाह में आ रही बाधाओं को दूर करते हैं, बल्कि पारिवारिक जीवन में भी शांति और सुख-समृद्धि लाते हैं। जब बृहस्पति मजबूत होता है, तो योग्य और समझदार जीवनसाथी मिलने के योग बनते हैं और वैवाहिक जीवन में स्थिरता आती है।

Rishabh Chhabra
Author: Rishabh Chhabra