आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी अनुराग ढांडा ने हरियाणा विधानसभा के सिर्फ तीन दिन के शीतकालीन सत्र पर कड़ा ऐतराज़ जताया है। उन्होंने कहा कि सत्र को छोटा करना महज़ प्रशासनिक फैसला नहीं, बल्कि जनता की आवाज़ को दबाने की सोची-समझी रणनीति है। उनका आरोप है कि भाजपा सरकार गंभीर मुद्दों पर चर्चा से बच रही है और विधानसभा को केवल औपचारिकता बनाकर रखा गया है, ताकि जनता के सवाल सामने न आ सकें।
मुख्यमंत्री पर चर्चा से बचने का आरोप
अनुराग ढांडा ने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी जनता की समस्याओं पर खुली बहस नहीं चाहते। इसलिए विधानसभा सत्र को बेहद सीमित रखा गया है। उनके मुताबिक, बेरोज़गारी, अपराध, घोटाले और प्रदूषण जैसे मुद्दे हरियाणा की प्राथमिक जरूरतें हैं, लेकिन सरकार इन पर चर्चा करने से लगातार बचती नज़र आ रही है।
विधानसभा बहस नहीं, शेरो-शायरी का मंच
आप नेता ने तीखा तंज कसते हुए कहा कि हरियाणा विधानसभा अब जनता की आवाज़ बनने के बजाय भाजपा और कांग्रेस की शेरो-शायरी का मंच बनती जा रही है। उन्होंने कहा कि सदन में जहां समाधान निकलने चाहिए थे, वहां कविता और तुकबंदी सुनाई दे रही है। जनता ने विधायकों को मनोरंजन के लिए नहीं, बल्कि सवाल उठाने और जवाबदेही तय करने के लिए चुना है।
NCR से सटे इलाकों में बढ़ता प्रदूषण
अनुराग ढांडा ने प्रदेश में बढ़ते प्रदूषण पर गहरी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि खासतौर पर NCR से सटे जिलों में हवा जहरीली हो चुकी है। रोहतक, पलवल, फरीदाबाद और हिसार जैसे शहरों में लोग सांस लेने में परेशानी महसूस कर रहे हैं। बच्चों और बुजुर्गों की सेहत पर इसका सीधा असर पड़ रहा है और अस्पतालों में मरीजों की संख्या बढ़ रही है, लेकिन सरकार इस संकट पर चुप है।
दिल्ली और हरियाणा, दोनों जगह भाजपा पर निशाना
उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि चाहे दिल्ली हो या हरियाणा, दोनों जगह भाजपा सरकारें प्रदूषण पर आंख मूंदे बैठी हैं। उनके अनुसार, भाजपा के लिए यह जनस्वास्थ्य का गंभीर मुद्दा नहीं रहा, बल्कि अनदेखी करने वाला विषय बन चुका है। जब जनता को साफ हवा की सबसे ज्यादा जरूरत है, तब सरकार जिम्मेदारी से पीछे हटती दिख रही है।
कांग्रेस पर भी साधा निशाना
अनुराग ढांडा ने विपक्षी दल कांग्रेस पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस भाजपा से सवाल पूछने के बजाय उसे राहत देने का काम कर रही है। अगर कांग्रेस ईमानदारी से विपक्ष की भूमिका निभाती, तो सदन में प्रदूषण और बेरोज़गारी पर जोरदार बहस होती।
आम आदमी पार्टी का संकल्प
अंत में उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी मानती है कि प्रदूषण केवल पर्यावरण का नहीं, बल्कि जनता के जीवन और स्वास्थ्य का सवाल है। इस मुद्दे पर राजनीति नहीं, ठोस नीयत और ईमानदार काम की जरूरत है। पार्टी सदन के भीतर और बाहर, दोनों जगह हरियाणा की जनता को ज़हरीली हवा से राहत दिलाने की लड़ाई पूरी ताकत से जारी रखेगी।