लखनऊ के इंडियन ओवरसीज बैंक में सात चोरों ने दर्जनों लॉकर तोड़ दिए और उसमें रखा कीमती सामान लेकर फरार हो गए जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो का एनकाउंटर कर दिया है।
22 दिसंबर की रात को चोरों ने दी दस्तक
घटना 22 दिसंबर की रात की है जब सात चोरों ने मिलकर राजधानी लखनऊ के इंडियन ओवरसीज बैंक के 42 लॉकर तोड़ दिए और उसमें रखा कीमती जेवरात और नगदी लेकर फरार हो गए। मामले में पुलिस ने ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों का एनकाउंटर कर दिया है। वहीं तीन आरोपी पुलिस के गिरफ्त में हैं जबकि दो आरोपी अभी भी फरार हैं जिनकी तलाश जारी है।
बिहार के रहने वाले हैं सभी चोर
बैंक में हुई करोड़ों की चोरी की घटना में शामिल सभी चोर बिहार के रहने वाले हैं। अधिकारियों की माने तो पुलिस ने महज कुछ घंटों में 5 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जिनमें से दो का एनकाउंटर हुआ है। वहीं बचे दो आरोपियों को पकड़ने के लिए पुलिस लगातार प्रयास कर रही है।
आरोपियों का तीन नंबर से कनेक्शन
जानकारी देते हुए एक अधिकारी ने बताया कि चोरों की तीन टोलियां थी जिन्होंने घटना को अंजाम दिया। इन टोलियों में से एक टोली बाहर थी, एक अंदर गई थी और तीसरी टोली दोनों टोली से बराबर संपर्क में थी। सीसीटीवी की मदद से छानबीन करने पर पुलिस को अपराधियों के तीन मोबाइल नंबर मिले जो घटना के बाद भी खुले मिले। जिसके बाद पुलिस ने तुरंत उन नंबरों को ट्रेस किया और आरोपियों तक पहुंच बनाई।
लखनऊ के चिन्हट और गाजीपुर में एनकाउंटर
घटना के बाद पुलिस ने जगह-जगह चेकिंग अभियान चलाया, जिसमें लखनऊ के चिन्हट में एक आरोपी का एनकाउंटर हुआ वहीं दूसरा एनकाउंटर लखनऊ से दूर गाजीपुर में हुआ। पुलिस के द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार यह सभी आरोपी बिहार भागने के फिराक में थे, लेकिन पुलिस द्वारा चलाए गए चेकिंग अभियान में सात में से पांच आरोपी पुलिस की गिरफ्त में आए। वहीं बाकी दो आरोपियों को भी जल्द गिरफ्तार करने का पुलिस ने आश्वासन दिया है।