Lucknow के बाद अब Jhansi में वर्क प्रेशर के चलते युवक ने दी जान, लगा कंपनी पर ये बड़ा आरोप !

झांसी में एक फाइनेंस कम्पनी के एरिया मैनेजर ने फांसी लगाकर सुसाइड कर लिया. पुलिस को डेड बॉडी के पास से 5 पेज का सुसाइड नोट मिला है. जिसमें मृतक ने लिखा है कि पिछले दो महीने से अधिकारी उस पर रिकवरी टारगेट पूरा करने का दवाब बना रहे थे. जिससे तंग आकर तरुण ने जान दे दी. सुबह जब घर पर काम करने वाली नौकरानी आई तो घटना की जानकारी हुई. इसके बाद पुलिस को इसकी सूचना दी. पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर कार्रवाई शुरू कर दी है.

भविष्य को लेकर तनाव में था तरुण

42 साल के तरुण सक्सेना झांसी जनपद में नवाबाद थाना क्षेत्र के गुमनावरा पिछोर के रहने वाले थे. तरुण एक फाइनेंस कंपनी में एरिया मैनेजर थे. उनकी एक बेटी और एक बेटा है. तरुण के पिता मेडिकल कॉलेज से रिटायर्ड क्लर्क हैं. तरुण ने अपनी पत्नी को संबोधित करते हुए 5 पेज के सुसाइड नोट में लिखा है कि पूरी कोशिश करने के बाद भी वह टारगेट पूरे नहीं कर पा रहा है. तरुण को चिंता थी कि कहीं उसकी नौकरी ना चली जाए. तरुण ने लिखा है कि उनके सीनियर अधिकारियों ने कई बार उसका अपमान किया. उसने लिखा ‘मैं भविष्य को लेकर तनाव में हूं. मैं कुछ भी कर नहीं पा रहा हूं. मैं जा रहा हूं.’ तरुण ने ये भी लिखा कि उन्हें और उनके सहयोगियों को उन ईएमआई का भुगतान करने के लिए कहा गया था. जो तरुण अपने एरिया में वसूल नहीं कर सके थे. उन्होंने लिखा कि रिकवरी में आ रही परेशानियों को कई बार सीनियर्स के सामने रखा लेकिन वे उनकी बात सुनने को तैयार नहीं थे. सुसाइड नोट में लिखा है कि “मैं 45 दिनों से सो नहीं पाया हूं. मैंने मुश्किल से खाना खाया है. मैं बहुत तनाव में हूं. सीनियर मैनेजर मेरे ऊपर टारगेट पूरा करने या फिर नौकरी छोड़ने का दबाव बना रहे हैं.”

परिवार के सदस्यों से तरुण ने मांगी माफी

तरुण ने ये भी लिखा कि उन्होंने अपने बच्चों की साल के अंत तक स्कूल की फीस भर दी है और अपने परिवार के सदस्यों से माफी मांगी है. साथ ही लिखा कि “आप सभी मेघा, यथार्थ और पीहू का ख्याल रखना. मम्मी, पापा मैंने कभी आपसे कुछ नहीं मांगा लेकिन अब मांगता हूं. कृपया दूसरी मंजिल बनवा दें ताकि मेरा परिवार आराम से रह सके.” तरुण ने अपने बच्चों से अच्छे से पढ़ाई करने और अपनी मां का ख्याल रखने को कहा. उन्होंने अपने रिश्तेदारों से यह सुनिश्चित करने के लिए कहा कि उनके परिवार को बीमा का पैसा आसानी से मिल जाए. उन्होंने अपने सीनियरों का भी नाम लिखकर परिवार से उनके खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराने को कहा है. तरुण के भाई गौरव सक्सेना ने बताया कि उन पर दवाब बनाया जा रहा था कि मार्केट में जो कलेक्शन होना है. उसे ज्यादा से ज्यादा लाइए. टारगेट पूरा ना होने पर उनकी सैलरी से ही रुपया काटा गया है. गौरव ने तरुण के अधिकारियों पर सुसाइड के लिए उकसाने का आरोप लगाया है.

शिकायत मिलने पर होगी आगे की कार्रवाई- पुलिस अधीक्षक

मामले को लेकर पुलिस अधीक्षक नगर ज्ञानेंद्र कुमार ने बताया कि पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को अपने कब्जे में ले लिया है और पोस्टमार्टम की कार्रवाई कराई जा रही है. सुसाइड नोट में अपने उच्च अधिकारियों पर उत्पीड़न का आरोप लगाया गया है कि उनके द्वारा टारगेट ज्यादा दिया जा रहा था और लगातार उस टारगेट को पूरा करने का प्रेशर बनाया जा रहा था. परिजनों द्वारा अगर शिकायत की जाती है. तो जांच कर आगे की कार्रवाई की जाएगी.

Rishabh Chhabra
Author: Rishabh Chhabra