Explainer: संसद में जया अमिताभ बच्चन पर क्यों भड़क उठता है महिला सांसद का गुस्सा, पढ़ें इस रिपोर्ट में

राज्यसभा में अपना पूरा नाम लिए जाने पर जया बच्चन एक बार फिर भड़क गईं हैं. पिछले 10 दिनों में ये तीसरी बार हुआ है जब जया बच्चन अपना पूरा नाम लिए जाने पर सभापति की कुर्सी पर बैठे उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ पर भड़क गईं है. जया बच्चन तीसरी बार अपना पूरा नाम लिए जाने पर जया बच्चन राज्यसभा में नाराज हो गईं. उन्होंने इस बार सभापति की कुर्सी पर बैठे उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ को ही खरी-खोटी सुना दी. धनखड़ भी जवाब देने में नहीं चूके और उन्होंने जया पर जबरन इसे मुद्दा बनाने का आरोप लगाया. मामला इतना बढ़ गया कि विपक्षी सांसदों को संसद से वॉकआउट करना पड़ा.

तीसरी बार पूरा नाम लेने के मामले ने पकड़ा तूल

नाम को लेकर पहली बार जया बच्चन 29 जुलाई को नाराज हो गई थीं, तब उपसभापति ने उन्हें जया अमिताभ बच्चन नाम से पुकारा था. जया बच्चन ने इस पर कहा था कि महिलाओं को आप लोग कुछ नहीं समझते हैं. आपको लगता है कि महिलाओं की कोई अपनी पहचान ही नहीं होती है. 2 अगस्त को दूसरी बार जया बच्चन का पूरा नाम लेने का मामला सुर्खियों में आया. इस बार जया ने अपना पूरा नाम खुद ही पढ़ लिया. जिस पर सभापति ने ठहाके लगा दिए. हालांकि तीसरी बार नाम के मामले ने तूल पकड़ लिया.

जया बच्चन क्यों हो जाती हैं नाराज?

राज्यसभा के सभापति जगदीप धनखड़ ने शुक्रवार को जब बोलने के लिए जया बच्चन का नाम लिया. तो जया का गुस्सा फूट पड़ा. जया ने सभापति जगदीप धनखड़ से कहा कि मैं एक एक्टर हूं और मुझे बात करने के टोन और बॉडी लैंग्वेज से चीजें समझ में आती है. मेरे नाम लेने को लेकर आपका टोन सही नहीं था. सभापति से जया बच्चन की तकरार इतनी ज्यादा बढ़ा गई कि विपक्ष के सांसदों ने सदन से वॉकआउट कर लिया. संसद के बाहर जया ने कहा कि जगदीप धनखड़ चेयर पर बैठे हैं, लेकिन बात करने का उनका लहजा ठीक नहीं है.सभापति जगदीप धनखड़ सभी लोगों से इसी तरह बात करते हैं. संसद स्कूल नहीं है और न ही यहां बच्चों की तरह बात होनी चाहिए. विपक्षी सांसदों के प्रति सभापति का व्यवहार ठीक नहीं है. इसलिए हम चाहते हैं कि सभापति जगदीप धनखड़ सुधार करें और माफी मांगें.

सभापति ने नाम बदलने की कानूनी प्रक्रिया का किया जिक्र

2 अगस्त को जब जया बच्चन सदन में बोलने के लिए खड़ी हुईं. तो जया ने अपना पूरा नाम जया अमिताभ बच्चन खुद ही ले लिया. इस पर सदन में स्पीकर समेत कई सांसदों ने ठहाके लगाए. जया बच्चन भी अपनी हंसी नहीं रोक पाईं.सभापति जगदीप धनखड़ ने इस दौरान नाम को कानूनी प्रक्रिया के बारे में बताया. इस दौरान जगदीप धनखड़ ने कहा कि एफिडेविट में जो नाम आता है, हम उसे ही पढ़ते हैं. अगर किसी सदस्य को इससे एतराज है तो सभापति कार्यालय में इसे बदलवाने की प्रक्रिया को समझ लें. इस पर जया ने कहा कि उन्हें गर्व है अपने नाम पर.

Rishabh Chhabra
Author: Rishabh Chhabra